गुरुग्राम से राजस्थान के दो प्रमुख धार्मिक स्थलों, खाटू श्याम और सालासर धाम, तक जल्द ही हेलीकॉप्टर टैक्सी सेवा शुरू होने वाली है। हरियाणा और राजस्थान सरकार मिलकर इस सुविधा को हकीकत में बदलने की दिशा में तेजी से काम कर रही हैं। इससे न सिर्फ श्रद्धालुओं का समय बचेगा, बल्कि क्षेत्रीय पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलेगा।
सफर होगा आसान
आपको बता दें कि फिलहाल गुरुग्राम से इन धार्मिक स्थलों तक सड़क मार्ग से पहुंचने में 10 से 15 घंटे तक लग जाते हैं। ट्रैफिक जाम हो तो और भी ज्यादा वक्त लग सकता है। लेकिन अब हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होने के बाद यह सफर काफी हद तक आसान हो जाएगा। रोज़ाना हजारों श्रद्धालु इन धामों की यात्रा करते हैं, ऐसे में यह सेवा उनके लिए किसी बड़ी राहत से कम नहीं होगी।
दोनों राज्यों के मंत्रियों ने मिलकर बनाई योजना
इस योजना को आगे बढ़ाने के लिए हरियाणा के नागरिक उड्डयन मंत्री विपुल गोयल और राजस्थान के नागरिक उड्डयन मंत्री गौतम कुमार के बीच हाल ही में एक अहम बैठक हुई। इस मीटिंग में हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने के हर पहलू पर चर्चा हुई। हेलीपैड की सुविधा, यात्रियों के लिए वेटिंग एरिया और जरूरी सुरक्षा इंतज़ामों पर भी सहमति बनी।
प्रशासनिक तालमेल पर भी ज़ोर
बैठक में इस बात पर भी खास ध्यान दिया गया कि दोनों राज्यों के विभागों में तालमेल कैसे बनाया जाएगा ताकि सेवा बिना किसी अड़चन के शुरू हो सके। अधिकारियों का मानना है कि जब तक पूरा इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार नहीं हो जाता, तब तक सेवा शुरू करना जल्दबाज़ी होगी। लेकिन काम तेजी से हो रहा है, और जल्द ही शुभारंभ की तारीख भी घोषित की जा सकती है।
धार्मिक पर्यटन के साथ स्थानीय विकास को भी मिलेगा बढ़ावा
विपुल गोयल ने बताया कि सरकार का मकसद सिर्फ यात्रा को छोटा करना नहीं है, बल्कि श्रद्धालुओं को एक सुरक्षित, आरामदायक और तेज़ विकल्प देना भी है। इसके साथ-साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार, व्यापार और पर्यटन से जुड़ी नई संभावनाएं भी खुलेंगी।
पहले ही हो चुकी है टेक्निकल स्टडी
इस साल की शुरुआत में ही इस प्रस्ताव पर गंभीरता से काम शुरू हो चुका था। जनवरी में विपुल गोयल ने अधिकारियों के साथ एक प्रेजेंटेशन देखा था, जिसमें इस रूट की व्यावसायिक, तकनीकी और वित्तीय संभावनाओं का विस्तार से विश्लेषण किया गया था। उसी समय यह तय किया गया था कि गुरुग्राम से चंडीगढ़ और हिसार से चंडीगढ़ तक भी हेलीकॉप्टर सेवाओं की संभावनाओं की स्टडी करवाई जाएगी।
अब बस इंतज़ार है इस सेवा की औपचारिक शुरुआत का, जिससे लाखों श्रद्धालुओं को समय और सुविधा दोनों का लाभ मिलेगा।


