श्री रंग एंटरटेनमेंट के बैनर तले निर्माता सुदर्शन वैद्य (शंभूभाई) और निर्देशक रॉकी मूलचंदानी एक अनोखी बायोपिक लेकर आ रहे हैं। यह फिल्म उस कलाकार की कहानी है, जिसने जीरो से शुरू करके बॉलीवुड के दिग्गजों तक को अपनी कला से प्रभावित किया। फिलहाल इस फिल्म का नाम रखा गया है— ‘राजू कलाकार की अनकही कहानी’।
निर्माता शंभूभाई का कहना है, “यह सिर्फ एक कलाकार की दास्तान नहीं, बल्कि लाखों लोगों के लिए प्रेरणा है। राजू ने कठिनाइयों से लड़कर कला जगत में जो मुकाम हासिल किया है, वह अकल्पनीय है। उनकी सफलता कई संघर्षरत लोगों को नई उम्मीद दे सकती है।”
फिल्म के निर्देशक रॉकी मूलचंदानी ने कहा, “इस फिल्म का मकसद युवाओं तक एक संदेश पहुंचाना है—अगर आप लगन से कोशिश करेंगे, तो सफलता निश्चित है। हमने एक आम इंसान की कहानी को चुनने का फैसला इसलिए किया, क्योंकि यह वास्तव में असाधारण है। राजू दो पत्थरों को वाद्य यंत्र की तरह बजाकर लोगों को गीत सुनाते थे। उनका यह हुनर इतना मशहूर हुआ कि करोड़ों लोग दीवाने हो गए, जिनमें बॉलीवुड के बड़े नाम भी शामिल हैं। यही असली जीरो से हीरो की यात्रा है।”
फिल्म लॉन्च के मौके पर राजू ने भावुक होकर कहा, “मेरा सपना हमेशा यही था कि मेहनत करके परिवार का भरण-पोषण करूं और साथ ही संगीत में भी नाम बनाऊं। मैंने कभी सोचा नहीं था कि एक दिन बॉलीवुड के दिग्गज मेरी कला की कद्र करेंगे।”
राजस्थान के नागौर निवासी राजू का मूल काम कठपुतली शो में ढोल बजाना था। लेकिन आर्थिक कठिनाइयों के कारण उन्हें राजस्थान छोड़कर गुजरात के सूरत आना पड़ा, जहां उन्होंने छोटे-मोटे काम करके जीवन गुजारा। ट्रेन यात्राओं के दौरान उन्होंने दो पत्थरों को बजाकर संगीत बनाने का प्रयोग शुरू किया और जल्द ही इस कला में निपुण हो गए।
राजू के जीवन का बड़ा मोड़ तब आया जब उनके एक दोस्त ने उनका एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाला। जून में अपलोड हुआ यह वीडियो ‘बेवफा सनम’ (1995) फिल्म का गाना ‘दिल पे चलाई छुरियां’ था, जिसे राजू ने पत्थरों की धुन पर गाया। इस वीडियो ने धमाका मचा दिया—इसे 17.4 करोड़ से ज़्यादा लोगों ने देखा, 44 लाख ने शेयर किया और 1.61 करोड़ से भी अधिक लाइक्स मिले।
बॉलीवुड के मशहूर गायक सोनू निगम ने भी राजू की तारीफ़ की और उनके साथ मिलकर इस गाने का रीमेक बनाया, जिसे टी-सीरीज़ ने प्रोड्यूस किया। वहीं, कोरियोग्राफर रेमो डिसूज़ा ने भी उनका साथ दिया।
राजू कहते हैं, “मेरे जैसे आम इंसान पर फिल्म बनाने के लिए मैं शंभूभाई और रॉकीजी का दिल से शुक्रगुज़ार हूं।”
निर्देशक रॉकी मूलचंदानी ने अंत में बताया कि फिल्म की स्क्रिप्ट लगभग पूरी हो चुकी है और कलाकारों के चयन की प्रक्रिया भी जल्द ही पूरी कर ली जाएगी। फिल्म की शूटिंग इसी साल शुरू करने की योजना है।


