भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर है। भारतीय सेना द्वारा 7 मई को शुरू किए गए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर में आतंकवादी ठिकानों पर हवाई हमले किए गए। इन हमलों में भारत ने जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकी संगठनों के ठिकानों को निशाना बनाया। पाकिस्तान ने इन हमलों को “युद्ध की कार्यवाही” करार देते हुए जवाबी कार्रवाई की धमकी दी है।
ऑपरेशन सिंदूर: आतंक के अड्डों पर सटीक वार
भारतीय वायुसेना ने 7 मई की रात को पाकिस्तान के बहावलपुर, मुरिदके और मुज़फ़्फ़राबाद में स्थित आतंकी ठिकानों पर सर्जिकल स्ट्राइक की। इन हमलों में जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा के मुख्यालयों को निशाना बनाया गया, जो भारत में हुए हालिया आतंकी हमलों के लिए जिम्मेदार माने जा रहे थे। भारतीय रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की है कि इन हमलों में आतंकियों के बुनियादी ढांचे को गंभीर नुकसान पहुंचा है।
पाकिस्तान की प्रतिक्रिया: जवाबी कार्रवाई की चेतावनी
पाकिस्तान ने भारतीय हमलों को “निराधार आक्रामकता” बताते हुए दावा किया है कि इन हमलों में 31 नागरिकों की मौत हुई है, जिनमें महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा है कि भारत को इसके परिणाम भुगतने होंगे और पाकिस्तान उचित समय पर जवाब देगा।
सीमा पर बढ़ता तनाव: गोलीबारी और नागरिकों की मौत
ऑपरेशन सिंदूर के अगले दिन, पाकिस्तान ने नियंत्रण रेखा (LoC) पर कई क्षेत्रों में बिना उकसावे के गोलीबारी की। इसमें जम्मू-कश्मीर के पूंछ जिले में 13 नागरिकों की मौत हुई और 59 घायल हुए। भारतीय सेना ने इस गोलीबारी का मुंहतोड़ जवाब दिया है।
अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता: संयम बरतने की अपील
संयुक्त राष्ट्र महासभा के अध्यक्ष फिलेमोन यांग ने भारत और पाकिस्तान से संयम बरतने और तनाव कम करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों को बातचीत और कूटनीतिक समाधान के माध्यम से विवादों का समाधान करना चाहिए।
सावधानी के उपाय: उड़ानों और स्कूलों पर असर
भारत ने उत्तरी क्षेत्र के 27 हवाई अड्डों पर वाणिज्यिक उड़ानों को शनिवार सुबह तक के लिए निलंबित कर दिया है। वहीं, पाकिस्तान ने लाहौर, इस्लामाबाद और सियालकोट के हवाई अड्डों पर उड़ानों को अस्थायी रूप से रोक दिया है। जोधपुर प्रशासन ने सभी स्कूलों और आंगनवाड़ियों को अगले आदेश तक बंद रखने का निर्णय लिया है।


